मायावती ने आकाश आनंद को पार्टी से निकाला, ससुर अशोक सिद्धार्थ के इस्तीफे के बाद बड़ा फैसला
मायावती ने आकाश आनंद को पार्टी से निकाला
बसपा प्रमुख मायावती के परिवार में सियासी कलह बढ़ती जा रही है। उन्होंने भतीजे आकाश आनंद को एक बार फिर पार्टी से निकाल दिया है। मायावती ने गुरुवार सुबह सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए कहा कि आकाश को अपने ससुर से ज्यादा लगाव है और वह डबल माइंड हो गए हैं।
मायावती ने एक दिन पहले आकाश को पार्टी में पद वापस देने के लिए उनके ससुर और पूर्व सांसद अशोक सिद्धार्थ के राजनीति से संन्यास लेने की शर्त रखी थी। इसके करीब 17 घंटे बाद अशोक सिद्धार्थ ने राजनीति से संन्यास का ऐलान कर दिया।
अशोक सिद्धार्थ ने किया राजनीति से संन्यास का ऐलान
अशोक सिद्धार्थ ने भावुक पोस्ट में कहा कि संन्यास छोटी बात है और वह बहनजी के लिए जान भी दे सकते हैं। उनके अनुसार मायावती के आदेश के आगे परिवार और रिश्ते-नाते छोटे हैं। उन्होंने कहा कि उन्होंने कभी आकाश को गुमराह करने की कोशिश नहीं की।मायावती के इस फैसले से पहले माना जा रहा था कि आकाश आनंद को पार्टी में पद वापस मिल सकता है। लेकिन इसके बजाय उन्हें पार्टी से बाहर कर दिया गया।
आकाश आनंद की वापसी की उम्मीद पर लगा विराम
पार्टी के एक वरिष्ठ नेता ने आकाश से मायावती की पोस्ट को रिपोस्ट करने और सार्वजनिक रूप से उनका धन्यवाद करने को कहा था। लेकिन आकाश इसके लिए तैयार नहीं थे। उनका कहना था कि उन्हें मायावती पर भरोसा नहीं है।यह दूसरा मौका है जब मायावती ने आकाश को पार्टी से बाहर किया है। इससे पहले भी उन्हें पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक समेत महत्वपूर्ण पदों से हटाया गया था। मायावती ने आकाश आनंद को पार्टी से निकाला और अब पार्टी के भीतर उनके राजनीतिक भविष्य को लेकर फिर सवाल खड़े हो गए हैं।

