एशियाड में भारत को 10वां गोल्ड, ईरान को पीछे छोड़ा
भारत ने पदक तालिका में ईरान को पीछे छोड़ा
एशियन गेम्स के 11वें दिन भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए चार गोल्ड मेडल अपने नाम किए। इन चार स्वर्ण पदकों में तीन तीरंदाजी और एक शूटिंग में आया। इन उपलब्धियों के साथ भारत के कुल गोल्ड मेडल की संख्या 10 हो गई और वह पदक तालिका में ईरान को पीछे छोड़कर आगे निकल गया। एशियाड गोल्ड की संख्या बढ़ने के साथ भारत के कुल पदकों की संख्या भी 60 तक पहुंच गई है। भारत ने अब तक 10 गोल्ड, 23 सिल्वर और 27 ब्रॉन्ज मेडल जीते हैं। इस तरह भारतीय दल ने प्रतियोगिता में लगातार अपनी पदक संख्या बढ़ाई है।
भारत ने जिस दिन ये उपलब्धियां हासिल कीं, उस दिन तीरंदाजी और शूटिंग दोनों में भारतीय खिलाड़ियों ने पदक जीतने का सिलसिला आगे बढ़ाया। बुधवार को सबसे पहले महिला कंपाउंड आर्चरी टीम ने गोल्ड जीता। इसके बाद चिकित्सा तनीपर्थी और साहिल जाधव की जोड़ी ने मिक्स्ड कंपाउंड आर्चरी में भारत के लिए स्वर्ण पदक हासिल किया। इसके बाद नीरू ढांडा और किनान चेनाई की जोड़ी ने शूटिंग में गोल्ड मेडल दिलाया। दिन का चौथा गोल्ड कंपाउंड आर्चरी के पुरुष टीम इवेंट में साहिल, गणेश और कुशल ने जीता।
तीरंदाजी में भारतीय टीमों का दबदबा
कंपाउंड आर्चरी में भारत ने लगातार मजबूत प्रदर्शन किया। महिला टीम इवेंट में मिली जीत के बाद मिक्स्ड कंपाउंड आर्चरी में भी भारतीय जोड़ी ने स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इसके बाद पुरुष टीम ने भी गोल्ड जीतकर भारत के खाते में एक और स्वर्ण जोड़ दिया। इस प्रदर्शन के साथ भारत ने प्रतियोगिता में कंपाउंड आर्चरी के अपने प्रदर्शन को और मजबूत किया। पुरुष टीम इवेंट में भारत का सामना चीन से हुआ। भारत ने चीन को 238-236 के स्कोर से हराया।
भारतीय टीम ने शुरुआत में बढ़त बनाई और पहले एंड में दो 10 अंक के निशाने लगाए। इसके बाद भारतीय तीरंदाजों ने लगातार 10 में से 10 अंक हासिल किए। चीन ने भी अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन चौथे एंड में चीन के एक तीर का 8 अंक पर जाना उसके लिए नुकसानदायक रहा। इसके बाद भारत ने अपनी बढ़त कायम रखी।फाइनल में साहिल जाधव ने तीन 10 के निशाने लगाए और पूरे मुकाबले में मजबूत प्रदर्शन किया। इस जीत के साथ यह उनके लिए एशियन गेम्स में दूसरा गोल्ड मेडल भी बना। भारत ने इससे पहले पुरुष टीम इवेंट में भी चीन को हराकर पदक जीता था। इस तरह तीरंदाजी भारत के लिए स्वर्ण पदक हासिल करने वाले प्रमुख खेलों में बनी रही।
शूटिंग में भी भारत के खाते में स्वर्ण
तीरंदाजी के अलावा शूटिंग में भी भारतीय खिलाड़ियों ने स्वर्ण पदक जीता। नीरू ढांडा और किनान चेनाई की जोड़ी ने शूटिंग में भारत को गोल्ड दिलाया। इस जीत के साथ उस दिन भारत के स्वर्ण पदकों की संख्या चार हो गई। एशियाड गोल्ड जीतने वाली भारतीय जोड़ियों और टीमों के प्रदर्शन ने पदक तालिका में भारत की स्थिति को भी मजबूत किया। इससे पहले भारत के खाते में दूसरे खेलों से भी पदक आए थे। सुनील कुमार ने पुरुषों की ग्रीको-रोमन रेसलिंग में ब्रॉन्ज मेडल जीता। उन्होंने पहले ही राउंड में ऑस्ट्रेलिया के कैलम रॉबर्ट्स को 8-0 से हराकर तकनीकी श्रेष्ठता के आधार पर मुकाबला अपने नाम किया था। सुनील इससे पहले हांगझोउ एशियन गेम्स में भी ब्रॉन्ज जीत चुके थे। इसके साथ वह एशियन गेम्स में ग्रीको-रोमन रेसलिंग के दो पदक जीतने वाले पहले भारतीय बने।
दूसरे खेलों में भी भारतीय खिलाड़ियों की उपलब्धियां
कॉमनवेल्थ गेम्स चैंपियन अस्मिता डे एशियन गेम्स में पदक से चूक गईं। महिलाओं के 49 किलोग्राम वर्ग के ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में उन्हें मंगोलिया की नारंतसेत्सेग गणबातार ने वाजा-आरी से हराया। इस हार के साथ उनका एशियन गेम्स अभियान पदक के बिना समाप्त हो गया। वहीं भारतीय पुरुष स्क्वॉश टीम ने कुवैत को क्वार्टर फाइनल में 2-0 से हराकर सेमीफाइनल में जगह बना ली। इस जीत के साथ भारत का एक और पदक पक्का हो गया। डिफेंडिंग चैंपियन भारत अब सेमीफाइनल में मलेशिया से खेलेगा। इस तरह प्रतियोगिता के 11वें दिन भारत ने तीरंदाजी और शूटिंग में शानदार प्रदर्शन करते हुए चार स्वर्ण पदक हासिल किए। एशियाड गोल्ड की संख्या 10 पहुंचने के साथ भारत ने ईरान को पीछे छोड़ दिया और कुल पदकों की संख्या 60 तक पहुंच गई।
